एससी-एसटी एक्ट पर सुमित्रा महाजन का बड़ा बयान

Medhaj news 7 Sep 18 , 06:01:38 Governance
sumitramahajan_anuragthakur.jpg

लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने इस कानून में संशोधनों का जिक्र करते हुए यहां भाजपा के व्यापारी प्रकोष्ठ के कार्यक्रम में कहा, सभी राजनीतिक दलों को इस विषय में मिलकर विचार-विमर्श करना चाहिये। इस मुद्दे पर राजनीति नहीं की जा सकती, क्योंकि कानून का मूल स्वरूप बरकरार रखने के लिये संसद में सभी पार्टियों ने मतदान किया था।

उन्होंने कहा - कानून तो संसद को बनाना है, लेकिन सभी सांसदों को मिलकर इस विषय (अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार निरोधक अधिनियम में किये गये संशोधन) में सोचना चाहिए | इस विचार-विमर्श के लिए उचित वातावरण बनाना समाज के सभी लोगों की जिम्मेदारी है | लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि वह छोटी-सी मनोवैज्ञानिक कहानी के माध्यम से अपनी बात समझाना चाहेंगी | उन्होंने कहा - मान लीजिए कि अगर मैंने अपने बेटे के हाथ में बड़ी चॉकलेट दे दी और मुझे बाद में लगा कि एक बार में इतनी बड़ी चॉकलेट खाना उसके लिए अच्छा नहीं होगा | अब आप बच्चे के हाथ से वह चॉकलेट जबर्दस्ती लेना चाहें, तो आप इसे नहीं ले सकते | ऐसा किए जाने पर वह गुस्सा करेगा और रोएगा | मगर दो-तीन समझदार लोग बच्चे को समझा-बुझाकर उससे चॉकलेट ले सकते हैं |

लोकसभा अध्यक्ष ने कहा - हमें अन्याय के मामले में बराबरी नहीं करनी है। हमें लोगों को न्याय देना है। न्याय लोगों को समझाकर ही दिया जा सकता है। सबके मन में यह भाव भी आना चाहिये कि छोटी जातियों पर अत्याचार नहीं किया जायेगा।

    मेधज न्यूज़ के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक करें। आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं।

    ...
    loading...

    Similar Post You May Like


    Trends