दिल्ली हाईकोर्ट ने तीन तलाक मामले में नहीं दी हिंदू लड़कियों को राहत, याचिका खारिज

medhaj news  |  India  |  21 Apr 17,16:05:09  |  
burqa759.jpg

मुस्लिमों से शादी करने वाली हिंदू महिलाओं पर तीन तलाक लागू होने से रोक लगाने वाली याचिका को दिल्ली हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया है। कोर्ट ने कहा कि धर्म से अलग हटकर सभी महिलाएं समान व्यवहार और हक पाने का अधिकार रखती है। कोर्ट ने कानून के तहत सभी महिलाएं समान संरक्षण पाने का अधिकार रखती है।

दिल्ली हाई कोर्ट में इससे पूर्व दिल्ली हाई कोर्ट में गुरुवार को केंद्र सरकार को यह निर्देश देने के लिए एक जनहित याचिका दायर की गई कि मुस्लिम पुरुषों से निकाहॉ कर चुकी हिंदू महिलाओं पर तीन तलाक या बहुविवाह के नियम लागू नहीं होने चाहिए।

वकील विजय शुक्ला द्वारा दायर की गई इस याचिका में विशेष विवाह अधिनियम के तहत अंतर-जातीय विवाह के लिए पंजीकरण को अनिवार्य बनाने के लिए केंद्र सरकार को निर्देश देने की मांग की गई है।

वहीं हिंदु धर्म की लड्कियों का कहना है कि हिन्दू लड़की के मामले में जो निकाहनामा बनाया जाता है। वो उर्दू में होता है। इसलिए तीम तलाक और मुस्लिम बहुविवाह के बारे उन्हें कोई जानकारी नही दी जाती है।

गौरतलब है कि देश में इन दिनों तीन तलाक के मुद्दे पर बहस जारी है। पीएम मोदी से लेकर योगी आदित्यनाथ तक इस पर बयान दे चुके हैं कि यह बंद होनी चाहिए। मामला सुप्रीम कोर्ट भी पहुंचा है। जहां सुनवाई जारी है, हालांकि मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने इसे उनके अधिकारों में हस्तक्षेप बताया है। 

    मेधज न्यूज़ के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक करें। आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं।

    loading...