कैराना उपचुनाव: इस उपचुनाव से पता चलेगा 2019 का लक्ष

Medhaj news 26 May 18 , 06:01:38 India
Opp_Kairana.jpg

कैराना लोकसभा सीट पर 28 मई को वोट डाले जाएंगे। चुनाव प्रचार अपने अंतिम चरण में चल रहा है। राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) के अध्यक्ष अजित सिंह ने भी यहां चुनाव प्रचार तेज करते हुए कई स्थानों पर प्रचार किया। बीजेपी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि उसकी सरकार झूठे वायदों पर बनी है और कैराना लोकसभा उपचुनाव के परिणाम से 2019 के चुनाव की दिशा तय हो जाएगी। कैराना उपचुनाव में महागठबंधन प्रत्याशी तबस्सुम हसन के समर्थन में गांव टिकरौल में सभा को संबोधित कर रहे सिंह ने कहा कि बीजेपी ने किसानों का उत्पीड़न किया है और झूठे वायदे कर जनता को गुमराह करने का काम किया है।
बीजेपी को किसान विरोधी पार्टी बताते हुए उन्होंने कहा कि किसानों का बहुत गन्ना खेतों में लगा हुआ है जबकि मिलों ने गन्ना लेने से इंकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार देने का सपना दिखाया जा रहा है जबकि हकीकत में युवा बेरोजगार ही घूम रहे हैं और बीजेपी के नेता युवाओं को पकौड़े बेचने की सलाह दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस सरकार में महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं और व्यापारी भी असंतुष्ट है। आरएलडी के अध्यक्ष ने अपनी पार्टी की प्रत्याशी और महागठबंधन समर्थित तबस्सुम हसन के लिए वोट मांगते हुए कहा कि अब बीजेपी को सत्ता से हटाने का समय आ गया है। यदि अब भी उसे नहीं हटाया गया तो फिर कभी नहीं हटा पाएंगे।
उधर, बीजेपी ने भी अपने प्रत्याशी मृंगाका सिंह के समर्थन में लगातार जनसभाएं की हैं। खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ यहां 22 मई को एक बड़ी सभा को संबोधित कर चुके है। कैराना उपचुनाव में इस बार समीकरण पूरी तरह बदले हुए है। क्योंकि पहली बार पूरा विपक्ष यानी सपा, बीएसपी, कांग्रेस और आरएलडी  एकसाथ हैं, जो बीजेपी को सीधी टक्कर दे रहे हैं, आम आदमी पार्टी ने भी विपक्ष के उम्मीदवार को समर्थन देने की घोषणा की है।

    मेधज न्यूज़ के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक करें। आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं।

    ...
    loading...

    Similar Post You May Like


    Trends

    Special Story