सबसे कीमती है क्या?

Medhaj News 20 Jan 19,15:58:35 Special Story
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एक कवितारूपी छोटी सी कहानी के माध्यम से मैंने अपना दृष्टिकोण प्रस्तुत करने का प्रयास किया है कि आखिर इतनी बड़ी दुनिया में "सबसे कीमती है क्या??"



ढूँढने हम निकले कि- सबसे कीमती है क्या?

भटकते रहे पर नहीं कुछ मिला,

यूहीं चलते हुए फिर नज़र कहीं पड़ी;

पास जाकर देखा तो एक वृद्धा थी खड़ी।

महीनों से वह बीमार लग रही थी,

धन-दौलत से बिल्कुल मोहताज़ लग रही थी;

देख कर उसकी हालत जानने को उत्सुक हुआ,

पूछ बैठा कि माता जी तुम्हे क्या हुआ?

ये सुनते ही अश्रु उसके बहने लगे,

आधी दास्तां बिन बोले ही कहने लगे;

उसने अश्रु पोछे और मुझे कुछ बताने लगी,

अपनी हालातों की कहानी वो सुनाने लगी।

एक था वो समय जब घमंड था मेरे सर पर चढ़ा,

मैं समझती थी सबको तुच्छ और खुद को बड़ा;

धन-दौलत के दम पर थी मैं, जीवन जी रही,

बस कहती थी खुद की, किसी की सुनती नहीं।

मैं भी जीती रही समय भी बढ़ता रहा,

दौलत का घमंड सर पर चढ़ता रहा;

पढ़ने की इच्छा थी, काम करने की थी चाह,

मेरे लिए तो बस, पैसा ही था खुदा।

पागल थी मैं जो समझ सकी,

मेरे पास था कुछ पैसे से कीमती भी;

जिसकी क़द्र मैंने कभी की ही नहीं थी,

और हमेशा खुदगर्ज़ जैसी ज़िन्दगी ही थी जी।

धन के हिस्सेदारी के डर से, किसी को साथ चलने दिया,

अपने अपनों को खुद से दूर मैंने ही किया;

जो सच्चे थे दिल से, दुखी होकर चले गए,

कुछ लोभी थे वो मेरे संग ही चलते रहे।

तब से उन्हीं को अपना हम समझते रहे,

धन-दौलत के दम पर परखते रहे;

एक दिन आयी बाढ़ और सब बह गया,

तब अपना है कौन ये पता मुझे चला।

सच्चे अपनों की कीमत, कभी समझी ही थी,

कितनी ज़रूरी है शिक्षा, कभी क़द्र ही की;

लौटेगा ये समय, कभी सोचा ही नहीं,

बस इसीलिए आज घुट-घुट के जी रही।

इतना सुनते ही अश्रु मेरी आँखों से गिरने लगे,

अपने सारे प्रश्नों के उत्तर मुझे मिलने लगे;

मैं खुश था कि समय रहते मुझे समझ आ गया,

कि इतनी बड़ी दुनिया में सबसे कीमती है क्या??

सबसे कीमती हैं अपने जो साथ चल रहे,

सबसे कीमती है ये समय, जो लौटेगा कभी;

सबसे कीमती है शिक्षा, जो साथ देगी हर घड़ी,

सबसे कीमती है ये शरीर जो स्वस्थ है अभी।

बस अश्रु पोछे मैंने और माता जी से कहा-

चलिए आपको एक छत दूँ दिला,

ये कह कर उन्हें उस वृद्धाश्रम ले गया,

जहाँ थी हर व्यवस्था और उनके जीने की कुछ वजह।

हाथ जोड़कर ईश्वर को नमन मैंने किया,

क्योंकि आज पता चला मुझे कि "सबसे कीमती है क्या??"



----(भावना मौर्य)---


    Comments

    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-31 19:45:28
      Commented by :Sugandha Vashishtha

      Beautiful description about relationship !!


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-24 18:04:09
      Commented by :Vartika

      Very nice ma'am....


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-22 12:52:50
      Commented by :Dr.Devashis Mukerjee

      You have presented the true picture of destiny Very heart touching story Keep the good work flowing


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-22 06:57:20
      Commented by :Ishan Joshi

      Very deep, very nice


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-21 22:09:53
      Commented by :Vijay Kumar

      Very nice poem.....


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-21 20:39:17
      Commented by :sunil sharma

      Very nice and beautiful thinking is what you have presented through poetry.


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-21 20:35:35
      Commented by :sunil sharma

      Very nice poem.


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-21 16:51:04
      Commented by :Gunjan

      Very nice message through this


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-20 15:27:55
      Commented by :Siraj

      Very Nice...


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-20 13:50:01
      Commented by :GT

      Brilliant


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-20 13:18:03
      Commented by :Ramesh kumar

      Nice lines , good You understand need of life


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-20 12:53:40
      Commented by :Lata Maurya

      Nice lines...


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-20 12:06:29
      Commented by :Pragya Shukla

      Well described..... how imp relations


    • Medhaj News
      Updated - 2019-01-20 11:51:37
      Commented by :Bhavna Tiwari

      Wonderful lines...


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