सचिन को मिला लॉरेस स्पोर्टिंग मोमेंट अवॉर्ड, मेसी और हैमिल्टन को इस केटेगरी में मिला अवॉर्ड

18 Feb 20 , 06:01:40 Sports
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मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर को लॉरियस स्पोर्टिंग मोमेंट अवॉर्ड 2000-2020 (Laureus Sporting Moment Award 2000-2020) से सम्मानित किया गया है। अपने घर में वर्ल्ड कप-2011 जीतने के बाद सचिन तेंदुलकर को उनके साथियों ने कंधों पर उठा लिया था, जिसे पिछले 20 वर्षों में 'लॉरियस सर्वश्रेष्ठ खेल क्षण' माना गया। भारतीय क्रिकेट प्रशंसकों के समर्थन के साथ सचिन को विजेता बनने के लिए सबसे अधिक वोट मिले। साथ ही अर्जेंटीना के स्टार फुटबॉलर लियोनल मेसी और फॉर्मूला वन ड्राइवर लुइस हैमिल्टन को संयुक्त रूप से स्पोर्ट्समैन ऑफ द ईयर चुना गया। महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में भारत ने 2011 में मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में श्रीलंका को 6 विकेट से हराकर वर्ल्ड कप जीता था।



फाइनल जीतने के बाद खिलाड़ियों ने सचिन को कंधे पर उठाकर मैदान का ‘लैप ऑफ ऑनर’ लगाया था। इस तस्वीर को स्पोर्टिंग मोमेंट अवॉर्ड के लिए सबसे ज्यादा वोट मिले थे। वह सचिन का छठा वर्ल्ड कप था। उससे पहले वे 2003 में फाइनल खेले थे, लेकिन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था।

लॉरेस अवॉर्ड के 20 साल के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ।





बोरिस बेकर ने सचिन तेंदुलकर से उस समय महसूस की गई भावनाओं को साझा करने के लिए कहा। सचिन ने कहा, मेरा सफर 1983 में शुरू हुई, जब मैं 10 साल का था. भारत ने विश्व कप जीता था। मुझे महत्व समझ में नहीं आया और सिर्फ इसलिए कि हर कोई जश्न मना रहा था, मैं भी पार्टी में शामिल हो गया। सचिन ने कहा, ..लेकिन कहीं न कहीं मुझे पता था कि देश के लिए कुछ खास हुआ है और मैं एक दिन इसका अनुभव करना चाहता था और यही से मेरा सफर शुरू हुआ।

सचिन ने माना, 'यह मेरे जीवन का सबसे गौरवपूर्ण क्षण था, उस ट्रॉफी को पकड़े हुए, जिसका मैंने 22 वर्षों तक पीछा किया, लेकिन मैंने कभी उम्मीद नहीं खोई. मैं केवल अपने देशवासियों की ओर से उस ट्रॉफी को उठा रहा था।

क्रिकेट की दुनिया में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले 46 साल के तेंदुलकर ने कहा कि लॉरियस ट्रॉफी पर कब्जा करने से भी उन्हें काफी सम्मान मिला है।

सचिन ने महान दक्षिण अफ्रीकी नेता नेल्सन मंडेला के प्रभाव को भी साझा किया. तेंदुलकर उनसे तब मिले, जब वह सिर्फ 19 साल के थे। सचिन ने कहा, 'उनके कई संदेशों में से सबसे महत्वपूर्ण मुझे लगा- खेल को सभी को एकजुट करने की शक्ति प्राप्त है।

6 बार के फॉर्मूला वन वर्ल्ड चैम्पियन हैमिल्टन और 6 बार के फीफा वर्ल्ड प्लेयर ऑफ द ईयर मेसी के बीच वोटिंग के बाद मुकाबला टाई हो गया था। लॉरेस अवॉर्ड के 20 साल के इतिहास में यह पहली बार हुआ। इसके बाद स्पोर्टिंग ज्यूरी ने दोनों को संयुक्त रूप से अवॉर्ड के लिए चुना। मेसी यह अवॉर्ड पाने वाले पहले फुटबॉलर हैं।

लॉरेस अवॉर्ड क्या है?

यह खेलों की दुनिया के सबसे प्रतिष्ठित अवॉर्ड्स में से एक है। 1999 में लॉरेस स्पोर्ट फॉर गुड फाउंडेशन के डैमलर और रिचीमॉन्ट ने इसकी शुरुआत की थी। पहले अवॉर्ड 25 मई 2000 को दिए गए थे। इसमें 13 अलग-अलग कैटेगरी में अवॉर्ड दिए जाते हैं। अवॉर्ड में प्रमुख कैटेगरी लॉरेस वर्ल्ड स्पोर्ट्समैन ऑफ द ईयर, लॉरेस वर्ल्ड स्पोर्ट्सवूमन ऑफ द ईयर, लॉरेस वर्ल्ड टीम ऑफ द ईयर, लॉरेस वर्ल्ड कमबैक ऑफ द ईयर और लॉरेस वर्ल्ड ब्रेकथ्रू ऑफ द ईयर है।


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