कड़ाके की ठण्ड से अभी नहीं मिलेगी राहत, जानिए दिल्‍ली -एनसीआर में आने वाले दिनों में कैसा रहेगा

मौसम विभाग के अनुसार, दिल्‍ली-एनसीआर समेत उत्‍तर-पश्चिम भारत के लोगों को फिलहाल ठंड से राहत नहीं मिलने वाली।अगले तीन से चार दिनों तक उत्तर-पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में घना से बहुत घना कोहरा छाया रहेगा। अगले दो दिनों के दौरान पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, मध्य प्रदेश और राजस्थान में अलग-अलग हिस्सों में रात या सुबह के घंटों में घना से बहुत घना कोहरा छाया रहेगा। अगले चार दिनों के दौरान पूर्वी उत्तर प्रदेश में और 18 से 20 जनवरी के दौरान ओडिशा और झारखंड में घना कोहरा छाया रहेगा।

कोहरे के कारण विजिबिलिटी इतनी कम है कि सड़कों पर वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ने के साथ कई ट्रेनें प्रभावित हैं। रेलवे के मुताबिक, कोहरे के कारण विभिन्न राज्यों की कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में बीते 3 दिन से कड़ाके की सर्दी पड़ रही है। अधिकतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस के साथ इस मौमस के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के कई राज्यों में घने कोहरे से दृश्यता यानी विजिबिलिटी घटी है। कई जगह 50 मीटर से भी कम विजिबिलिटी के कारण यातायात भी प्रभावित है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, शून्य से 50 मीटर के बीच दृश्यता होने पर कोहरा ‘बेहद घना’, 51 से 200 मीटर दृश्यता के बीच ‘घना’, 201 से 500 के मीटर दृश्यता के बीच ‘मध्यम’ और 501 से 1000 के बीच दृश्यता होने पर कोहरे को ‘हल्का’ माना जाता है।

मौसम विभाग का पूवार्नुमान है कि अगले दो दिनों के दौरान पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और राजस्थान में अलग-अलग इलाकों में कड़के की ठंड पड़ेगी। अगले 24 घंटों में पूर्वी राजस्थान के अलग-अलग इलाकों में शीत लहर की संभावना है।

मौसम विभाग ने कहा कि रविवार से शुरू होकर एक के बाद एक, दो पश्चिमी विक्षोभों से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र प्रभावित होगा। आईएमडी ने कहा, चक्रवाती हवा पश्चिमी उत्तर प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों को प्रभावित कर सकती है। दक्षिण कोंकण और पड़ोस में चक्रवाती हवा औसत समुद्र तल से 1.5 किमी और 2.1 किमी के बीच चलती देखी गई है।


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