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जनता दर्शन : संस्कृति पर्व की व्यस्तता में भी जारी रही जनसेवा की परंपरा

संस्कृति पर्व गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर गुरु पूजन की नाथ पंथ की विशिष्ट आनुष्ठानिक व्यस्तता के बावजूद मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ ने जनसेवा की परंपरा में रूकावट नहीं आने दी। गुरु पूर्णिमा पर पूजनोपरांत उन्होंने जनता दर्शन में लोगों से मुलाकात की, उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान का आत्मीय भरोसा दिया।

गोरखनाथ मंदिर में सोमवार सुबह आयोजित जनता दर्शन में आए लोगों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आश्वस्त किया कि बिलकुल चिंता मत करिए। हर समस्या पर हम प्रभावी कार्रवाई कराएंगे। उन्होंने पास में मौजूद प्रशासन व पुलिस के अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनता की समस्याओं पर संवेदनशीलता से ध्यान दें और उनका संतुष्टिपरक समाधान कराएं । साथ ही जरूरतमंदों को शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया जाए।

गोरखनाथ मंदिर में दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के बाहर जनता दर्शन में मुख्यमंत्री ने करीब 400 लोगों से मुलाकात की। कुर्सियों पर बैठाए गए लोगों तक खुद पहुंचे और समस्या सुनते हुए उनके प्रार्थना पत्र लिए। उनकी बात इत्मीनान से सुनने के बाद पास में खड़े अधिकारियों को समस्या समाधान हेतु आवश्यक दिशानिर्देश दिए। अलग-अलग मामलों से जुड़े समस्याओं के निस्तारण के लिए उन्होंने संबंधित प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों को प्रार्थना पत्र संदर्भित कर निर्देशित किया कि सभी समस्याओं का निस्तारण समयबद्ध, निष्पक्ष और सन्तुष्टिपरक होना चाहिए। अपराध से संबंधी शिकायतों पर मुख्यमंत्री ने पुलिस अधिकारियों को अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही करने का निर्देश दिया।

जनता दर्शन में गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए आर्थिक मदद की गुहार लेकर आए कई लोगों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि धन के अभाव में किसी का इलाज नहीं रुकेगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जो भी जरूरतमंद हैं, प्रशासन उनके उच्च स्तरीय इलाज का इस्टीमेट शीघ्रता से बनवाकर उपलब्ध कराए। इस्टीमेट मिलते ही सरकार तुरंत धन उपलब्ध कराएगी। जन स्वास्थ्य की रक्षा सरकार की प्राथमिकता है। जनता दर्शन में अपने परिजनों के साथ आये बच्चों को भी मुख्यमंत्री ने खूब दुलारा। उनकी पढ़ाई के बारे में जानकारी ली और चॉकलेट के साथ खूब पढ़ने, आगे बढ़ने का आशीर्वाद दिया।

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