होम > व्यापार और अर्थव्यवस्था

भारतीय रिजर्व बैंक ने ब्याज दरों में 0.5 प्रतिशत का किया बदलाव, फिर बढ़ जाएगी लोन की EMI

भारतीय रिजर्व बैंक ने ब्याज दरों में 0.5 प्रतिशत का किया बदलाव, फिर बढ़ जाएगी लोन की EMI

भारतीय रिजर्व बैंक की तीन दिन चली बैठक में गवर्नर ने एलान किया कि रेपो रेट को 4.9 प्रतिशत से 50 बेसिस अंक बढाकर 5.40 कर दिया गया है, गवर्नर शक्तिकांत दास ने बताया कि यह फैसला तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।

रेपो रेट वह दर होती है जिस पर कमर्शियल बैंक रिजर्व बैंक से ऋण लेते हैं इसका सीधा सा अर्थ यह है कि जब रेपो रेट बढ़ेगा तो लोन भी मंहगा हो जायेगा अर्थात EMI ज्यादा देना होगा, RBI के रेपो रेट बढ़ाने से बैंक भी ब्याज दर को बढ़ा देंगे।

भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि भारत की GDP ग्रोथ वित्त वर्ष 2023 के लिए 7.2 प्रतिशत का अनुमान है तथा महंगाई दर 6.7 प्रतिशत हो सकती है, करेंट अकाउंट डेफिसिट पर ज्यादा चिंता की बात नहीं है उन्होंने बताया शहरी मांग में सुधर देखने को मिल रहा है तथा मानसून सही होने के कारण ग्रामीण मांग में भी बढ़ोतरी संभव है।

रिजर्व बैंक के पास महंगाई से निपटने के लिए रेपो रेट एक शक्तिशाली साधन है, RBI को लगता है कि मंहगाई बहुत बढ़ी हुई है तो वह रेपो रेट बढ़ा देता है जिससे कैश फ्लो कम हो जाता है जिससे कर्ज महंगा हो जाता है और महगाई पर नियंत्रण होता है वहीँ इसके विपरीत जब RBI को लगता है कि अर्थव्यवस्था सही  दौर से नहीं गुजर रही है तो वह रेपो रेट को कम कर देता है जिससे लोन सस्ते हो जाते है और बाजार में कैश फ्लो बढ़ जाता है।