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अडानी बनेगा दुनिया का सबसे बड़ा अक्षय ऊर्जा उत्पादन करने वाला समूह

अडानी बनेगा दुनिया का सबसे बड़ा अक्षय ऊर्जा उत्पादन करने वाला समूह

नई दिल्ली | देश अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में अब बड़े बड़े कॉर्पोरेट घरानो को सम्मलित कर रहा है और इसी का नतीजा है की इस क्षेत्र में अब भारत न सिर्फ अपने लक्ष्यों को हासिल करने की डगर पर है बल्कि दुनिया में सबसे आगे निकलने को भी तैयार है।  अडानी समूह के अध्यक्ष गौतम अडानी ने कहा कि अडानी समूह 2030 तक दुनिया की सबसे बड़ी अक्षय ऊर्जा उत्पादन कंपनी बनने की राह पर है। 

जेपी मॉर्गन के एक कार्यक्रम में बोलते हुए, अडानी ने कहा कि समूह पहले से ही दुनिया का सबसे बड़ा सौर ऊर्जा खिलाड़ी है जब हम अपने उत्पादन, निमार्णाधीन और अनुबंधित परियोजनाओं का हिसाब रखते हैं। अडानी ने कहा, "हमने इसे केवल दो वर्षो में किया है और हमारा नवीकरणीय पोर्टफोलियो निर्धारित समय से पूरे चार साल पहले 25जीडब्ल्यू के हमारे प्रारंभिक लक्ष्य तक पहुँच गया है। यह हमें 2030 तक दुनिया की सबसे बड़ी अक्षय ऊर्जा उत्पादन कंपनी बनने की राह पर रखता है।"

उन्होंने कहा, "यह हमें दुनिया के सबसे बड़े हरित हाइड्रोजन उत्पादकों में से एक के रूप में स्थापित करने सहित हमारे लिए कई नए रास्ते भी खोलता है।"

अडानी ने घोषणा की है कि 2025 तक हमारे नियोजित पूंजीगत व्यय का 75 प्रतिशत से अधिक हरित प्रौद्योगिकियों में होगा। उन्होंने कहा, "हम अगले चार वर्षो में अपनी अक्षय ऊर्जा उत्पादन क्षमता को 21 प्रतिशत से बढ़ाकर 63 प्रतिशत कर देंगे। कोई भी कंपनी इस पैमाने पर निर्माण नहीं कर रही है।"

अडानी ने कहा, "अगले 10 वर्षो में, हम अक्षय ऊर्जा उत्पादन, घटक निर्माण, पोषण और वितरण में 20 अरब डॉलर से अधिक का निवेश करेंगे।"

अडानी ने कहा, "अब हम भारत के सबसे बड़े निजी क्षेत्र के बिजली उत्पादक, सबसे बड़े निजी बंदरगाह संचालक, सबसे बड़े निजी हवाईअड्डा संचालक, सबसे बड़े निजी उपभोक्ता गैस और विद्युत उपयोगिता व्यवसाय, सबसे बड़ी निजी विद्युत पोषण कंपनी और नवीकरणीय ऊर्जा में सबसे बड़े बुनियादी ढांचा विकासकर्ता हैं।"

अडानी ने कहा, "केवल पिछले आठ वर्षो में, हमने लगभग 12 बिलियन डॉलर की 50 से अधिक संपत्ति अर्जित की है। इनमें से हर एक सफल रही है और हम अपने द्वारा किए गए अधिग्रहण को एकीकृत करने में बेहतर होते रहे हैं। यह एक दुर्लभ क्षमता है जिसे हमने बनाया है।"

हवाईअड्डा केंद्रित विकास के लिए अडानी समूह की योजनाओं में महानगरीय विकास शामिल हैं जो मनोरंजन सुविधाओं, ई-कॉमर्स और रसद क्षमताओं, विमानन निर्भर उद्योगों, स्मार्ट शहर के विकास और अन्य नवीन व्यावसायिक अवधारणाओं तक फैले हुए हैं। सबसे अच्छा उदाहरण हमारा मुंबई एयरपोर्ट है।

अडानी ने कहा, "हम न केवल मौजूदा हवाईअड्डे का विस्तार करेंगे बल्कि 2024 तक नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का संचालन भी करेंगे। यह हवाईअड्डा 80 मिलियन अतिरिक्त यात्रियों को संभालेगा। यह भारत में दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा विमानन बाजार बनने के साथ मेल खाता है।"

डिजिटल व्यवसाय के संबंध में, अडानी ने कहा कि आने वाले नए व्यवसायों में हमारे सभी डिजिटल-संबंधित उद्यम शामिल होंगे जो अब डेटा सेंटर, औद्योगिक क्लाउड और अडानी डिजिटल लैब्स तक फैले हुए हैं।

अडानी ने कहा, "इस साल की शुरुआत में हमने अपने सभी अंतिम उपभोक्ताओं को एक एकीकृत अनुभव प्रदान करने में सक्षम होने के लिए अडानी इंटरप्राइजेज के एक हिस्से के रूप में अडानी डिजिटल लैब्स की स्थापना की। आज, हमारा अंतिम उपभोक्ता आधार 15 प्रतिशत की दर से बढ़ रहा है।"

उन्होंने कहा, "मुझे इस बात में बहुत कम संदेह है कि हमारा हर बी2सी व्यवसाय मोबाइल प्लेटफॉर्म पर संचालित होगा। इसलिए, एक एकीकृत प्लेटफॉर्म के माध्यम से हम जो उपभोक्ता अंतर्²ष्टि प्राप्त करेंगे, वह हमें अपना सुपर एप प्लेटफॉर्म बनाने की राह पर ले जाएगी।"

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