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नवरात्रि की महिमा

नवरात्रि की महिमा

जाने नवरात्रि में महिषासुरमर्दिनी की पूजा दिलाती है जीत, भगवन श्रीराम ने भी की थी शक्ति आराधना!

देवताओं की शक्ति से प्रकट हुई महादेवी

महिषासुर ने जब धरती पर आतंक फैला रखा था तब सभी देवताओं ने अपनी शक्ति को इकट्ठा किया तो महादेवी का रूप प्रकट हुआ। शक्ति के इसी रूप ने महिषासुर को मारा। इसके बाद देवता, यक्ष, गंधर्व, किन्नर और ऋषियों ने महिषासुरमर्दिनी रूप की पूजा की। तब से ही दुश्मनों पर जीत के लिए देवी के इसी रूप की पूजा होने लगी।

श्रीराम ने भी की थी शक्ति पूजा=एक अन्य कथा के मुताबिक भगवान श्रीराम ने रावण को मारने और जीत पाने की इच्छा से शक्ति आराधना ही की थी। विद्वान बताते हैं कि देवर्षि नारद ने श्रीराम को नवरात्रि में देवी पूजा करने की सलाह दी थी। तब राम ने आश्विन मास में आने वाली शारदीय नवरात्रि में देवी के महिषासुरमर्दिनी रूप की ही पूजा की थी। इसलिए उन्हें विजय मिली।

शारदीय नवरात्रि में महिषासुरमर्दिनी पूजा का महत्व=दुर्गा सप्तशती में देवी की महापूजा का जिक्र हुआ है। जिसमें देवी ने खुद कहा है कि जो शरद ऋतु में मेरी पूजा करेगा उसका हर कष्ट दूर हो जाएगा। महिषासुरमर्दिनी रूप की पूजा से दुश्मनों पर जीत मिलेगी। राजाओं ने देवी के इसी रूप की पूजा कर के दुश्मनों पर जीत हासिल की और अपना खोया हुआ राज्य पाया।
!!जय माँ दुर्गा !!