होम > शासन

जल जीवन मिशन; प्रधानमंत्री करेंगे मोबाइल एप्लिकेशन और जल जीवन कोष का शुभारंभ

जल जीवन मिशन; प्रधानमंत्री करेंगे मोबाइल एप्लिकेशन और जल जीवन कोष का शुभारंभ

नई दिल्ली | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को गांधी जयंती के अवसर पर जल जीवन मिशन मोबाइल एप्लिकेशन लॉन्च करेंगे और ग्राम पंचायतों और पानी समितियों के साथ बातचीत करेंगे। पीएम मोदी राष्ट्रीय जल जीवन कोष का भी शुभारंभ करेंगे, जो हर ग्रामीण घर, स्कूल, आंगनवाड़ी केंद्र आदि में नल के पानी का कनेक्शन उपलब्ध कराने के लिए योगदान की सुविधा प्रदान करेगा।

जल जीवन मिशन मोदी सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं में से एक है। जल शक्ति मंत्रालय के जलजीवन मिशन के लिए एक एप को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लॉन्च करेंगे। इस मौके पर आयोजित इस वर्चुअल इवेंट में प्रधानमंत्री मोदी पानी समिति व ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति से जल जीवन मिशन और इससे होने वाले फायदे के बारे में बात करेंगे।

साथ ही एक जल जीवन कोष (National Water Fund) की भी शुरुआत की जाएगी जिसमें कोई भी संस्थान, कंपनी या एनजीओ के अलावा कोई भी व्यक्ति दान कर सकता है ताकि ग्रामीण इलाके में स्कूल या आंगनवाड़ी केंद्र या आश्रम में जल आपूर्ति के लिए नल लगावाई जा सके। यह जानकारी जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने शुक्रवार को दी। इस मौके पर आयोजित इस वर्चुअल इवेंट में प्रधानमंत्री मोदी पानी समिति व ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति से जल जीवन मिशन और इससे होने वाले फायदे के बारे में बात करेंगे।

15 अगस्त 2019 को प्रधानमंत्री ने जलजीवन मिशन की घोषणा की थी। इसके तहत हर घर को स्वच्छ नल का का पानी पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया।इसकी घोषणा के बाद से लगभग 25 महीनों में, पांच करोड़ से अधिक परिवारों को उनके घरों में नल के पानी के कनेक्शन उपलब्ध कराए गए हैं। जल शक्ति मंत्रालय की एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि "कोविड -19 महामारी, उसके बाद लॉकडाउन और चुनौतियों के बावजूद, राज्यों / केंद्रशासित प्रदेशों ने ग्रामीण घरों में नल के पानी की सुनिश्चित आपूर्ति के लिए अथक प्रयास किया है। घरों में सुनिश्चित नल के पानी की आपूर्ति लोगों, विशेष रूप से महिलाओं और युवा लड़कियों को पानी लाने, ले जाने से राहत देगी।"

नए समय का उपयोग आय सृजन गतिविधियों, नए कौशल सीखने, बच्चों की शिक्षा का समर्थन करने आदि के लिए किया जा रहा है। जल जीवन मिशन की घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अगस्त, 2019 को 2024 तक हर घर में कार्यात्मक घरेलू नल कनेक्शन प्रदान करने के उद्देश्य से की थी।

2019 में, ग्रामीण क्षेत्रों के लगभग 18.93 करोड़ घरों में से केवल 3.23 करोड़ (17 प्रतिशत) के पास नल के पानी का कनेक्शन था। इस प्रकार, 2024 तक 15.70 करोड़ घरों में नल का पानी उपलब्ध कराया जाना है। इसके अलावा, सभी मौजूदा जल आपूर्ति प्रणालियों और नल कनेक्शनों की कार्यक्षमता भी सुनिश्चित की जानी है।

यह कार्यक्रम सीधे तौर पर 19 करोड़ से अधिक ग्रामीण परिवारों को लाभान्वित करता है। ग्रामीण-शहरी विभाजन को पाटता है और सार्वजनिक स्वास्थ्य में सुधार करता है। 30 सितंबर तक, लगभग 8.26 करोड़ (43 प्रतिशत) ग्रामीण परिवारों के घरों में नल के पानी की आपूर्ति थी।

बच्चों के स्वास्थ्य और कल्याण पर ध्यान देने के साथ, पिछले साल गांधी जयंती पर, सभी स्कूलों, आंगनबाड़ी केंद्रों और आश्रम शालाओं (आदिवासी आवासीय विद्यालयों) को पीने, मध्याह्न् भोजन पकाने, हाथ धोने के लिए नल के पानी के कनेक्शन प्रदान करने और शौचालय में उपयोग के लिए एक अभियान शुरू किया गया था। विज्ञप्ति में कहा गया है कि अब तक 7.72 लाख (76 फीसदी) स्कूलों और 7.48 लाख (67.5 फीसदी) आंगनवाड़ी केंद्रों को नल का पानी मुहैया कराया जा चुका है।