मनोरंजनहास्य

रॉकेट छोड़ा तो सीधा सूरज से टकरा गया।

दोस्त – तेरी बीवी ने तुझे घर से क्यों निकाला,
सिट्टू – साले तेरे कहने पर उसे चैन गिफ्ट की थी, इसीलिए निकाला।
दोस्त – चांदी की थी क्या?
सिट्टू– नहीं साइकिल की।
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सिट्टू ने अपने बाप को तमाचा मारा
पडोसी – अरे आपका बेटा
आप पर ही हाथ उठा देता है
बापू – क्या करूं
ये साला अपनी माँ पर गया है
पड़ोसी बेहोश
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सिट्टू साइकिल से जा रहा था।
अचानक एक लड़की से भिड़ गया।
लड़की – घंटी नहीं मार सकता था बे…
सिट्टू – अबे मैंने पूरी साइकिल मार दी…
अब क्या घंटी अलग से मारूं…
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यात्री ट्रेन से उतरा,
उसने सिट्टू से पूछा – “यह कौन-सा Station है ?”
सिट्टू हंसा, और जोर से हंसा,
जोर-जोर से हंसा,
हस्ते-हस्ते लोट पोट हो गया…
और बड़ी मुश्किल से अपने आपको संभालते हुए बोला –
“पगले, ये Railway Station है…!
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सिट्टू: कल मैंने एक रॉकेट छोड़ा तो सीधा सूरज से टकरा गया।
बंटी: फिर क्या हुआ?
सिट्टू: फिर मेरी पिटाई हुई।
बंटी: किसने पीटा?
सिट्टू: सूरज की मम्मी ने यार।

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