5G ट्रायल के लिए सरकार ने 13 आवेदनों को दी मंजूरी, चाइनीज कंपनियों पर लगी रोक 

5G

देश में नए जमाने की कम्युनिकेशन सेवा यानी 5G इसी साल शुरू हो सकती है। सरकार ने देश में 5G ट्रायल के लिए 13 आवेदनों को मंजूरी दे दी है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, 5G ट्रायल से हुवावे और ZTE जैसी चाइनीज कंपनियों को दूर रखा गया है। टेलीकॉम विभाग को 5G के ट्रायल के लिए कुल 16 आवेदन मिले थे।

सरकारी टेलीकॉम कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) ने 5G ट्रायल के लिए सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ टेलीमेटिक्स (C-DoT) के साथ साझेदारी की है। सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ टेलीमेटिक्स भारत सरकार का टेलीकॉम टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट सेंटर है। इसकी स्थापना 1984 में की गई थी। एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, भारती एयरटेल, वोडाफोन-आइडिया और रिलायंस जियो ने एरिक्सन और नोकिया से वेंडर्स के साथ साझेदारी की है। सभी टेलीकॉम सर्किल के लिए अलग-अलग वेंडर के साथ साझेदारी की गई है।

अधिकारी का कहना है कि 5G ट्रायल के लिए टेलीकॉम कंपनियों को जल्द ही 700 मेगाहर्ट्ज बैंड की एयरवेव दी जाएंगी। हालांकि, इसके साथ कुछ शर्तें शामिल रहेंगी। अधिकारी के मुताबिक, कंपनियों को शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में टेस्टिंग जैसी शर्तों का पालन करना होगा। साथ ही नेटवर्क की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना होगा।

Share this story