संभल कर रहें

Medhaj News 28 Mar 20,18:45:50 , Special Story Viewed : 1077 Times
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बहुत नाज़ुक हैं हालात,

थोड़ा संभल कर रहें।

फिलहाल के लिए बस,

अपने ही घर पर रहें।

इस वक्त 'अपनों' के लिए,

'अपनी' ही सुरक्षा है जरूरी;

इसलिए अभी 'अपनेपन' को,

'दूरियों' में बदलकर रहें।


साथ चलना भी है सबको,

पर पास आना भी नहीं है;

इसलिए एहसासों की डोर में ही,

सब लोग बँध कर रहें।

रूह से रूह के मिलन का,

रूहानी रिश्ता ही बहुत है;

अपनों की छुअन के एहसासों को,

बस मन में भर कर रहें।


माना मुश्किल ये घड़ी है,

पर हमारे हौसलों से, न बड़ी है;

'हम जीतेंगे' ये लड़ाई धैर्य रखते हुए,

आओं, सब मिलकर ये 'एक स्वर' में कहें।



#कोरोना को कहें न #जिंदगी को कहें हाँ;

#घर पर रहें #सुरक्षित रहें;



---(भावना मौर्य)---



 


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    Comments

    • Nice

      Commented by :Heera lal
      28-03-2020 19:47:45

    • Nice lines...

      Commented by :Suman maurya
      28-03-2020 19:18:28

    • Well drafted ma'am.

      Commented by :Diksha
      28-03-2020 18:25:27

    • मार्मिक पंक्तियाँ बेशकीमती

      Commented by :Er Daya Dubey
      28-03-2020 16:04:44

    • Very nice ....

      Commented by :Lata maurya
      28-03-2020 15:50:33

    • Very nice poem

      Commented by :SAQUIB ANWAR
      28-03-2020 15:39:48

    • Very Nice !!!

      Commented by :Siraj
      28-03-2020 14:59:30

    • Nice explanation of present situation

      Commented by :Pragya
      28-03-2020 14:40:10

    • Everyone understands the all instructions given by govt. But few people are very annoying person. They are continuously break the rule without any reson.

      Commented by :Anuj Prajapati
      28-03-2020 14:35:46

    • Very nice ma'am

      Commented by :Farheen khan
      28-03-2020 14:27:30

    • Very Nice Ma'am...!

      Commented by :Pawan Tiwari
      28-03-2020 14:17:31

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